ताजा अपडेट- छूने से नहीं होता कोरोना, ताजा रिसर्च का खुलासा, सांसों के जरिए ही फैलता है संक्रमण

ताजा अपडेट- छूने से नहीं होता कोरोना, ताजा रिसर्च का खुलासा, सांसों के जरिए ही फैलता है संक्रमण

एक तरफ पूरी दुनिया में कोरोना की रफ्तार बेकाबू होती जा रही है, तो दूसरी तरफ वैज्ञानिक इसके बारे में लगातार नई जानकारियां इकट्ठा करने की कोशिश में जुटे हैं। पिछले वर्ष जब इस महामारी की शुरुआत हुई थी, तो वैज्ञानिकों ने कहा था कि ये किसी ऐसी सतह को छूने से भी हो सकता है, जिसे संक्रमित व्यक्ति ने छुआ हो। इसकी वजह से लिफ्ट, रेलिंग, डोर नॉब, मेट्रो, मॉल आदि सभी को कई-कई बार सैनिटाइज किया जाने लगा था। लेकिन ताजा रिसर्च के मुताबिक इसकी कोई जरुरत नहीं है, क्योंकि कोरोना किसी सतह को छूने से नहीं फैलता।

क्या कहती है रिसर्च?

अमेरिका के सेंटर्स फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) के डायरेक्टर ने व्हाइट हाउस में हुई प्रेस ब्रीफिंग में बताया कि इसकी आशंका बेहद कम ही है कि किसी सतह को छूने से वायरस फैलता है। अमेरिकी विशेषज्ञों के मुताबिक सतह से संक्रमित होने का खतरा 10000 लोगों में से सिर्फ 1 को है। CDC की रिपोर्ट में कहा गया है कि कोरोना संक्रमण के बढ़ने के साथ ही अस्पतालों में मरीजों के आने का सिलसिला भी बढ़ गया है। ऐसे में वहां पर सर्फेस ट्रांसमिशन का खतरा बना रहता है। लेकिन घर या ऑफिस में इस तरह से कोरोना ट्रांसमिशन की आशंका बेहद कम होती है।

तो कैसे फैल रहा है संक्रमण?

CDC की रिपोर्ट में कहा गया है कि इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता है कि संक्रमित सतह को छूने से कोई व्यक्ति इसकी चपेट में नहीं आ सकता है, लेकिन इसकी दर इतनी कम है कि इसको मानना मुश्किल है। विशेषज्ञों का कहना है कि ये वायरस हवा के जरिए अधिक फैल रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक हवा में कोरोना संक्रमित व्यक्ति की नाक और मुंह से निकली बेहद छोटी बूंदें मौजूद रहती हैं, जो दूसरे को संक्रमित करती हैं। सीडीसी ने इसको लेकर एक नई गाइडलाइन भी जारी की है।

विशेषज्ञों के मुताबिक अभी तक कोई ऐसा साक्ष्य नहीं मिला है, जिससे पता चले कि दूषित या संक्रमित सतह को छूने से किसी को कोरोना हुआ है। यह वायरस मुख्यतः हवा के जरिए फैलता है। कोरोना के ड्रापलेट्स हवा में काफी देर तक रहते हैं। जब यह किसी इंसान के संपर्क में आता है तो उसके शरीर को अपना घर बना लेता है। यानी इस वायरस से आप सांस के जरिए ही संक्रमित हो सकते हैं, इसलिए मास्क पहनिये और सुरक्षित रहिए। 

रिपोर्ट में भले ही ये कहा गया है कि संक्रमित सतह को छूने से होनेवाले मामले न के बराबर हैं लेकिन इसको लेकर लापरवाह नहीं हुआ जा सकता। इसलिए घर-दफ्तर को स्वच्छ जरुर रखें।