सिंगरौलिया: हवाई पट्टी निर्माण कार्य 18 को करेंगे बंद-भास्कर

सिंगरौलिया: हवाई पट्टी निर्माण कार्य 18 को करेंगे बंद-भास्कर

 

9 सूत्रीय मांगों को लेकर प्रशासन को चेताया, कहा विस्थापितों के साथ नही होने देंगे अन्याय

 

 

 

 

 

अनोखी आवाज़ सिंगरौली। सिंगरौलिया में हो रहे हवाई पट्टी निर्माण को लेकर ग्रामीणों में असंतोष व्याप्त है प्रशासन पर कई तरह के आरोप लग रहे हैं। ऐसे में भास्कर मिश्रा ने ग्रामीणों की समस्या को देखते हुए निर्माण एजेंसी उदिता कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और हुंकार भरते हुए प्रशासन को साफ शब्दों में चेताया है कि 9 सूत्रीय मांगों को लेकर 18 अगस्त को हम हवाई पट्टी निर्माण का काम ठप्प करने जा रहे हैं।

 

बरसात में ग्रामीणों किया जा रहा है बेघर

यूं तो बड़े बुजुर्ग कहते हैं कि बरसात  में पक्षी का घोंसला भी नहीं उजाड़ा जाता लेकिन सिंगरौलिया,खजुरी,कटौली सहित अन्य गांवों को मिलाकर दर्जनों परिवारों को बेघर करने की रणनीति प्रशासन बना रहा है। यहां तक कि कई लोगों का मकान भी खाली कराया जा चुका है। ऐसे में प्रशासन के रवैए से लोगों में आक्रोश व्याप्त है वही इन ग्रामीणों को प्रदेश सचिव कांग्रेस  भास्कर मिश्रा का साथ मिल गया है

 

 

 

 

भू अर्जन अधिनियम 2013 का हवाला देते हुए मांग है कि

 

 

 

 

1. वार्षिकी या नियोजन के विकल्प के तहत प्रत्येक प्रभावित परिवार को पांच लाख रुपये का एक बारगी भुगतान।
 

2. प्रत्येक प्रभावित परिवार को 1 वर्ष तक ₹3000 प्रतिमाह जीवन निर्वाह भत्ता।

 

 

 

 

 

3.प्रत्येक विस्थापित परिवार के लिए घरेलू सामग्री परिवहन हेतु एक से दूसरे स्थान ले जाने के लिए 50 हजार।

4.प्रत्येक परिवार को पशु भाड़ा 25 हजार एक बारगी  भुगतान।

 

 

 

 

 

5. प्रत्येक परिवार के एक बार की पूर्ण विस्थापन भत्ता ₹50000 कुल 6 लाख 65 हजार रुपये।

 

 

 

6.घर बनाने के लिए 90×60 का प्लाट दिलाया जाए।

7. जिस ओर पोखर है उस ओरकी बाउंड्री लाइन अभी तक पूरी तरह से कंपनी ने खुला छोड़ रखा है जिससे कोई भी अनजान वस जा सकता है और बच्चे रितेश कुमार साथ यही हुआ और उसकी मृत्यु हो गई।

 

 

 

 

8.उदित कंपनी एवं पीडब्ल्यूडी सिंगरौली के अधिकारियों कर्मचारियों के विरुद्ध उचित धाराओं में वैधानिक कार्यवाही की जाए एवं मृतक के परिजनों को कम से कम एक करोड़ की स्वीकृति दी जाए।

 

 

 

 

9.जल निकासी,पेय जल,रोड की समुचित व्यवस्था, स्कूल, हॉस्पिटल, खेल मैदान, उपरोक्त सभी सुविधाएं मुहैया कराया जाए।